क्रिकेट में कई ऐसे नियम हैं जिनके बारे में फैंस को तभी पता चलता है जब मैदान पर कोई बड़ी घटना घटती है। ऐसा ही एक नियम है टाइम आउट नियम (Time Out Rule), इसके अनुसार किसी बल्लेबाज के आउट होने या मैदान छोड़ने के बाद नए बल्लेबाज को तय सीमा के अंदर क्रीज पर पहुंचकर अगली गेंद खेलने के लिए तैयार होना होता है।
टाइम आउट नियम, MCC (Marylebone Cricket Club) का नियम नंबर 40 है। ओडीआई क्रिकेट वर्ल्ड कप 2023 में श्रीलंका के एंजेलो मैथ्यूज (Angelo Mathews) के इस नियम के तहत आउट होने के बाद इसकी काफी चर्चा हुई थी।
इस लेख में टाइम आउट नियम (Time Out Rule In Cricket) की विस्तारपूर्वक व्याख्या की गई है, साथ ही इंटरनेशनल मैचों (ODI, Test & में T20) और IPL में नए बल्लेबाज को क्रीज पर आकर पहली गेंद खेलने के लिए कितना समय लगता है और इस नियम के तहत आउट होने वाले एंजेलो मैथ्यूज की केस स्टडी की जानकारी दी गई है।
क्रिकेट में Time Out Rule क्या है?
Marylebone Cricket Club (MCC) के नियम 40 के अनुसार जब कोई बल्लेबाज आउट या रिटायर्ड होता है, तो नए बल्लेबाज को एक तय सीमा के अंदर क्रीज पर पहुंचकर अगली गेंद खेलनी होती है। अगर बल्लेबाज तय सीमा के अंदर स्ट्राइक लेने के लिए तैयार नहीं होता है और विपक्षी टीम अपील करती है, तो अंपायर उसे “Time Out” दे देता है।
टाइम आउट नियम की परिभाषा: क्रिकेट में किसी भी बल्लेबाज के आउट या रिटायर्ड होने के बाद आगामी बल्लेबाज को अगली गेंद खेलने के लिए तय समय सीमा के भीतर क्रीज में आना होता है, अन्यथा आउट करार दिया जा सकता है। इस नियम को टाइम आउट नियम कहा जाता है।
अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में टाइम आउट की समय सीमा
| फॉर्मेट (Format) | टाइम आउट समय सीमा |
| MCC का नियम (रूल 40) | 3 मिनिट (विकेट गिरने या रिटायर होने के बाद) |
| वनडे क्रिकेट (ODI) | 2 मिनिट (क्रीज पर आकर पहली गेंद खेलने के लिए तैयार होना) |
| टी20 (T20) | 1.5 मिनिट (90 सेकंड) |
| टेस्ट मैच (Test Cricket) | 2 मिनिट |
| IPL या घरेलु टी20 | 90 सेकंड |
महत्वपूर्ण नोट: MCC के मूल नियम के अनुसार समय सीमा 3 मिनिट है, लेकिन ICC (International Cricket Council) ने अपनी Playing Condition के तहत सिमित ओवरों के इंटरनेशनल क्रिकेट (ODI & T20) में इसे 2 मिनिट कर दिया है।
मुख्य बातें (Key Points)
MCC के मूल नियमों के अनुसार टाइम आउट के लिए 3 मिनिट का समय होता है लेकिन आईसीसी ने वाइट बॉल क्रिकेट में वनडे और टेस्ट क्रिकेट में यह सीमा 2 मिनिट और टी20 में 90 सेकंड है।
यह नियम स्वतः लागु नहीं होता है, इसके लिए टीम के कप्तान या किसी फील्डर को अपील करनी पड़ती है।
Time Out Rule के तहत गिरे हुए विकेट का श्रेय किसी भी गेंदबाज को नहीं जाता है।
बिना कोई बॉल खेले आउट होने वाले बल्लेबाज को रिकॉर्ड में “डायमंड डक” मिलता है।
एंजेलो मैथ्यूज टाइम आउट विवाद केस स्टडी
वनडे क्रिकेट वर्ल्ड कप 2023 के दौरान एंजेलो मैथ्यूज टाइम आउट विवाद (Angelo Mathews Timed Out) की काफी चर्चा हुई थी। 6 नवंबर 2023 के दिन अरुण जेटली क्रिकेट स्टेडियम दिल्ली में वनडे विश्व कप का 38वां मैच श्रीलंका vs बांग्लादेश के बीच खेला गया था।
श्रीलंका ने इस मैच में पहले बल्लेबाजी की थी। जब श्रीलंकाई बल्लेबाज सदीरा समरविक्रमा बांग्लादेश के स्पिन गेंदबाज शाकिब-अल-हसन की गेंद पर आउट हुए उनके बाद मैदान में आए एंजेलो मैथ्यूज। क्रीज पर पहुंचने के बाद उनके हेलमेट का स्ट्रैप टूट गया। जब तब नया हेलमेट आया 2 मिनिट से अधिक का समय बीत गया।
बांग्लादेश के कप्तान शाकिब अल हसन ने अंपायर से टाइम आउट की अपील की और इंटरनेशनल क्रिकेट के 146 सालों के इतिहास में एंजेलो मैथ्यूज टाइम आउट नियम (Time Out Rule) के अनुसार टाइम आउट होने वाले पहले बल्लेबाज बने।
हालांकि मैथ्यूज ने शाकिब और ऑनफील्ड अंपायरों (मराइस इरास्मस और रिचर्ड इलिंगवर्थ) को समझाया कि वह समय क्रीज पर आ गए थे और देरी हेलमेट टूटने की वजह से हुई है।
मैथ्यूज ने शाकिब से अपील वापस लेने का अनुरोध किया लेकिन उन्होंने वापस लेने की बजाए यह कहा कि यह अंपायर का फैसला है। नियमानुसार अंपायर ने Angelo Mathews को “टाइम आउट” करार दिया। इस निर्णय के बाद Time Out Rule की क्रिकेट की दुनिया में खूब चर्चा हुई।

इंटरनेशनल क्रिकेट में अभी तक केवल 1 बार कोई खिलाड़ी इस नियम के तहत आउट हुआ है। हालाँकि प्रथम श्रेणी (First Class Cricket) में 6 बार बल्लेबाज इस नियम से आउट हो चुके हैं।
Cricfox.In के विचार
क्रिकेट को “जेंटलमैन का खेल” माना जाता है। खेल भावना और आईसीसी के नियमों के बीच सामंजस्य हमेशा बहस का विषय रहा है। एंजेलो मैथ्यूज की घटना क्रिकेट की दृष्टि से सही हो सकती है लेकिन खेल भावना के खिलाफ है।
हालांकि यह नियम खेल की गति को बनाए रखने के लिए सही है। Cricfox का मानना है कि नियम चाहें जितने भी सख्त हों, खेल भावना सर्वोपरी रहनी चाहिए।
यह भी पढ़ें: फॉलो ऑन का नियम क्या है? टेस्ट मैच में लीड का पूरा गणित।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)
इंटरनेशनल क्रिकेट में टाइम आउट की समय सीमा क्या है?
आईसीसी के नियमों के अनुसार वनडे और टी20 मैचों में नए बल्लेबाज को 2 मिनिट के भीतर क्रीज पर पहुंचकर पहली गेंद खेलने के लिए तैयार होना पड़ता है। वहीं टेस्ट क्रिकेट में यह समय सीमा 3 मिनिट होता है।
क्या बिना अपील के अंपायर बल्लेबाज को Time Out दे सकता है?
नहीं, जब तक फील्डिंग टीम (विपक्षी कप्तान या खिलाड़ी) अंपायर से टाइम आउट की लिखित या मौखिक अपील नहीं करती, अंपायर खुद से बल्लेबाज को “टाइम आउट” करार नहीं दे सकता है।
अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में टाइम आउट होने वाला पहला बल्लेबाज कौन है?
श्रीलंका के एंजेलो मैथ्यूज क्रिकेट इतिहास में टाइम आउट होने वाले पहले और एकमात्र बल्लेबाज हैं। उन्हें वनडे विश्व कप 2023 में बांग्लादेश के खिलाफ मैच के दौरान अंपायर ने टाइम आउट दिया था।
IPL में टाइम आउट का क्या नियम है?
आईपीएल और अन्य घरेलु टी20 लीग्स में खेल की गति बनाए रखने के लिए बल्लेबाज को क्रीज पर आने के लिए 90 सेकंड (1.5 मिनिट) का समय मिलता है।
क्या हेलमेट या बैट खराब होने पर टाइम आउट से छूट मिलती है?
यदि क्रीज पर पहुंचने से पहले या उपकरण टूटने पर खिलाड़ी अंपायर को तुरंत सूचित करता है और देरी अंपायर की अनुमति से होती है, तो टाइम आउट नहीं दिया जाता। हालांकि, एंजलो मैथ्यूज के मामले में 2 मिनिट की समय सीमा समाप्त होने के बाद हेलमेट बदला जा रहा था, इसलिए उन्हें आउट दिया गया।
क्या टाइम आउट का विकेट गेंदबाज के खाते में जुड़ता है?
टाइम आउट होने पर विकेट गेंदबाज के खाते में दर्ज नहीं होता है और इसे “Uncredited Wicket” माना जाता है। जबकि स्कोरकार्ड पर केवल “Timed Out” लिखा जाता है।